Health benefits of turmaric हल्दी के फायदे सेहत के लिए

भारत में ऐसा कोई भी घर नहीं है जिसके किचन में हल्दी नहीं पाया जाता है हल्दी एक ऐसा मसाला है जो खाने की स्वाद बनाने के साथ-साथ उसके रंग में भी चार चांद लगा देता है जिससे की खाने की खूबसूरती और जायके कमाल के हो जाते हैं l

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health benefits of turmaric हल्दी के फायदे सेहत के लिए , इतनी ज्यादा है कि आयुर्वेद में इसको औषधीय गुणों का कुंजी माना जाता है क्योंकि हल्दी के अंदर एंटीसेप्टिक और एंटीबैक्टीरियल और एंटी फंगल गुण पाया जाता हैl

जिससे जिससे दर्द सूजन नजला खासी जुकाम बुखार , चोट घाव सूजन में खाने के साथ-साथ लगाने में भी इस्तेमाल किया जाता है यही नहीं इसके अलावा निरंतर सेवन करने से हड्डियों से जुड़ी सारी समस्याओं का समाधान किया जा सकता हैl

health benefits of turmaric हल्दी के फायदे सेहत के लिए

आज से ही नहीं बल्कि सदियों से हमारे चिकित्सक और वैद्य बताते आए हैं अगर उनके बताए हुए नुक्से के अनुसार हम रोजाना हल्दी का सेवन करने लगे तो हमें महंगे से महंगे क्रीम साबुन दवाओं की जरूरत नहीं पड़ेगी

हमारे घरों में हमारी दादी नानी भी हल्दी वाले नुक्से हमें बताया करती थी आज भी अगर भारतीय घरों में शादी समारोह होता है तो सबसे पहले हल्दी को ही महत्व दिया जाता है हल्दी रूप निखारने का सामान माना जाता है तो कहीं शादी के पकवान में अपना रुतबा दिखाता हैl

कहीं मिठाइयों में तो कहीं शगुन के तौर पर हल्दी का इस्तेमाल किया जाता है कहीं चोट लगे जले कटे या फिर दर्द होने पर हल्दी ऊपरी सतह को तो आराम पहुंचाता ही है साथ ही साथ इसका दूध के साथ सेवन करने से अंदर से भी किसी चोट का एहसास नहीं होता और घाव जल्दी भरने की संभावना बढ़ जाती है l

हल्दी से बड़ी से बड़ी कंपनियां ब्यूटी क्रीम और साबुन बनाने का काम सदियों से कर दिया रही हैं हल्दी के अंदर बहुत सारे खूबियां पाई जाती हैं जरूरी यह है कि हमें यह पता होना चाहिए कि हल्दी का हमें सही सेवन कैसे करना है हल्दी की सही मात्रा क्या होनी चाहिए किस बीमारी में या किस टाइम हल्दी का सेवन किस प्रकार किया जाना चाहिए

अलग-अलग बीमारियों में हल्दी का सेवन अलग-अलग तरीकों से किया जाता है इसके साथ ही हल्दी की सही मात्रा और हल्दी की सही पहचान होना भी जरूरी होता है अगर आप आज तक health benefits of turmaric हल्दी के फायदे सेहत के लिए, जानते रहे होंगे

तो आज तक आपको अगर हल्दी से किसी प्रकार का फायदा नहीं मिला है तो घबराइए नहीं आज क्या हमारा यह पोस्ट पढ़ने के बाद आपको आपकी सारी समस्याओं का समाधान मिल जाएगा हम जिस तरीके से आपको बताएंगे अगर ठीक उसी तरह से अगर आप हल्दी का सेवन करते हैं तो आपको दावे के साथ फायदा मिलेगा ली

तो चलिए आज के इस पोस्ट में हम health benefits of turmaric हल्दी के फायदे सेहत के लिए , की सारी जानकारियां से रूबरू कराएंगे और ज्यादा जानने के लिए आप हमारे पोस्ट को फॉलो कर सकते हैंl

क्योंकि हम अपने साइट पर बिल्कुल वही चीजें आया और वही जानकारियां देने की कोशिश करते हैं जो बिल्कुल सही सही हो और खुद पर प्रयोग के बाद का निष्कर्ष हो हम अपने जानकारियां बहुत जांच पड़ताल और विशेषज्ञों की परामर्श के तौर पर तैयार करते हैंl

हल्दी क्या है? What is turmaric?

हल्दी अदरक परिवार का पौधा है जो भारतीय घरों के रसोई में पाया जाता है यह खाने में जाएगा बनने के साथ-साथ उसके रंग को भी बदलने का कार्य करता है हल्दी का सेवन खाने के साथ-साथ औषधीय गुणों के लिए भी किया जाता है जो कि प्राचीन समय से ही ज्ञात है l हल्दी के अंदर करक्यूमिन। करक्यूमिन गुण पाए जाते हैं जो हल्दी को पीला रंग देते हैंl

आयुर्वेद में हल्दी को हरिद्रा के नाम से जाना जाता है हल्दी एक बारहमासी पौधा हैl, हल्दी पौधे के नीचे जड़ों में होता है जिसे खुदाई करके निकाला जाता है जिस प्रकार अदरक की बुवाई होती है उसी प्रकार हल्दी भी उगता हैl

डी के लिए 20 से 30 डिग्री के बीच का तापमान चाहिए होता है अगर वर्षा में भी हल्दी वही जाए तो भी यह अच्छा होता है सबसे ज्यादा हल्दी का सेवन मसालों के तौर पर ही किया जाता है उसके बाद औषधि और साबुन क्रीम जैसे ब्यूटी प्रोडक्ट भी बनाने के काम आता हैल

health benefits of turmaric हल्दी के फायदे सेहत के लिए

जैसा कि आपक क्या रियल में ही बता दिया गया है कि हल्दी खाने के स्वाद बढ़ाने के साथ-साथ कई रोगों के इलाज में भी काम आता है प्राचीन जमाने से ही वैद्य हल्दी का सेवन औषधि के रूप में करते आ रहे हैं जिसका उन्हें बहुत ज्यादा लाभ में मिलता है हल्दी के बहुत सारे फायदे हैं कुछ फायदे जो बहुत मशहूर है हम आप को उनके बारे में आज बताएंगे

घाव भरने के लिए-

अगर आपको या आपके आसपास किसी को चोट लग जाता है जिससे कि खून नहीं निकल पाता है और सूजन जैसा हो जाता है ऐसी स्थिति में आप हल्दी को थोड़ी पानी में डाल दें और उसको गर्म कर लें हल्का गर्म हल्दी गांव के जगह पर लगाएं इससे खाओ अंदर से भर जाता है और दर्द भी खींच लेता है घाव बढ़ने की संभावना नहीं रह जाती है कीटाणु भी मर जाते हैंl

अंदर का घाव भरने के लिए हल्दी वाला दूध.

हल्दी ऊपरी घाव को भरने के साथ-साथ अंदरूनी घाव को भी भरने का काम बखूबी करता है हल्दी के अंदर एंटीसेप्टिक एंटीबायोटिक और एंटीफंगल गुण पाए जाते हैं जो चोट को भरने कीटाणुओं को मारने और घाव के दर्द को कम करने का काम करते हैं l

चोट लग जाने पर घाव की जगह हल्दी लाभ का लेप लगाने के बाद एक गिलास दूध में एक चम्मच हल्दी मिलाकर पी लेने से अंदर तक का घाव ठीक हो जाता है और आपको दवा खाने की भी जरूरत नहीं होती

3. रंग निखारे

भारतीय घरों की शादियों में दुल्हनों को खूबसूरत रंग देने के लिए सबसे पहला स्थान हल्दी को दिया जाता है इसीलिए हल्दी का सेवन रंग निखारने के लिए भी किया जाता है चेहरे पर हल्दी को आप बेसन के साथ या फिर मलाई के

साथ मिक्स करके उसे क्लीनर के रूप में या फिर फेस मास्क के रूप में चेहरे पर लगा सकते हैं और कुछ देर के बाद सादे पानी से चेहरा भूल सकते हैं इससे चेहरे की रंगत में निखार आता हैl

4. गले की खराश में-

गले में खराश हो जाने पर हल्दी और नीम गर्म पानी में थोड़ा-सा शहद मिलाकर अच्छे से गिला ना करें इससे गले की खराश ठीक हो जाती हैl

5. सर्दी जुकाम में-

सर्दी जुकाम या खराब हो जाने पर हल्दी और सभी से ज्यादा असर दिखाता है हल्दी का अदरक के साथ हलवा बनाकर या अदरक वाली चाय में हल्दी मिलाकर पिया जाता है और गुड़ के साथ भी हल्दी को पकाकर पीने से सर्दी जुकाम में राहत मिलता हैl

6. अच्छी नींद

बहुत से लोगों को देर रात तक जगने और काम करने के कारण अनिद्रा की शिकायत हो जाती है और ऐसे में सर दर्द और तनाव जैसी समस्या भी हो जाती है ऐसी स्थिति में हल्दी बहुत काम आता है रात को सोने से पहले एक गिलास गर्म दूध में एक चम्मच हल्दी मिलाकर पीने से रात को नींद अच्छी आती है और थकान भी उतर जाता हैं l

7. पायरिया में-

हमें पायलिया हो जाने पर हल्दी में सरसों का तेल मिलाकर दांतों की अच्छी मालिश करने से शायरियां बिल्कुल ठीक हो जाता है या नुक्सा कम से कम 30 दिनों तक लगातार करें उसके बाद आपको पायरिया की शिकायत नहीं होगीl

8.गठिया रोग में फायदेमंद l


हल्दी हड्डियों के लिए प्राचीन काल से उपयोग किया जाता है l हड्डियों के दर्द गठिया के दर्द टूट-फूट में बहुत ही लाभकारी होता है l हल्दी के अंदर दर्द को रोकने का गुण पाया जाता है जिसके कारण हल्दी का निरंतर सेवन गठिया जैसी बीमारियों में लाभकारी हो सकता है l गठिया का दर्द हड्डियों में सूजन के कारण होता है l

हल्दी का सेवन सूजन को कम करता है l क्योंकि हल्दी के अंदर एंटीऑक्सीडेंट प्रॉपर्टीज पाया जाता है l जो सूजन घाव तथा दर्द निवारण होता है l हल्दी केवल खाने ही नहीं बल्कि लगाने से भी दर्द में फायदा होता है l


गठिया से पीड़ित लोगों को चाहिए कि अपने डाइट में रोजाना गरम दूध के साथ हल्दी का सेवन अवश्य करें l


9.इम्यूनिटी बढ़ाएं l


इम्यूनिटी को बुष्ट करने के लिए हल्दी प्रथम दर्जे पर काम करता है l हल्दी का सेवन करने से बार-बार होने वाले सर्दी जुकाम से राहत मिल सकता है l

क्योंकि हल्दी के अंदर एंटीबैक्टीरियल तथा एंटीफंगल पाया जाता है l जो शरीर को बीमारियों से बचाता है l तथा रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है l
इम्यूनिटी कमजोर होने के कारण आए दिन सर्दी, जुखाम, बुखार जैसी समस्या देखने को मिलता है l हल्दी इन समस्याओं से राहत दिलाने में फायदेमंद हो सकता है l


10.कैंसर से बचाव l


हल्दी हमारे शरीर में हानिकारक के विषैले पदार्थ को बाहर निकलता है l जिसके कारण हमारा शरीर फ्री रेडिकल्स के प्रभाव से बचा रहता है l जो कैंसर का कारण बनता है l

यही नहीं हल्दी हमारे शरीर में कैंसर की कोशिकाओं को बढ़ने से रोकता है l हल्दी शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालता है l
एक चुटकी हल्दी सादे पानी के साथ लेने से कैंसर जैसी घातक बीमारी से बचा जा सकता है l

हल्दी में पाए जाने वाले गुण

हल्दी के अंदर विटामिन सी ,विटामिन के, मैग्नीशियम, आयरन, कॉपर, कैल्शियम, प्रोटीन फाइबर , जिंक, पाया जाता है इसके साथ-साथ हल्दी के अंदर एंटीबैक्टीरियल गुण तथा एंटीफंगल गुण भी पाया जाता है l

जो हमारे शरीर को हमारे शरीर को कई तरह से फायदा पहुंचाता है l

हल्दी के नुकसान l

वैसे तो हल्दी एक आम मसाला है l मगर हल्दी के बिना कई ऐसे व्यंजन तथा खाद्य पदार्थ हैं l जो अधूरे होते हैं l हल्दी फायदेमंद होने के साथ-साथ नुकसानदेह भी होता है l

यही कारण है कि हल्दी को अपने खाद पदार्थ में जब भी शामिल करें तो सीमित मात्रा में ही करें वरना यह नुकसान का कारण हो सकता है l इसके साथ साथ इसका अधिक मात्रा में लेना स्वाद को भी प्रभावित कर देता है l

हल्दी के कुछ नुकसान है l जो हम आप को इस आर्टिकल में बताते हैं l

1. हल्दी की तासीर गर्म होती है l जिसके कारण इसका अधिक सेवन पाचन क्रिया को प्रभावित कर सकता है l

2. अगर आप गर्म दवाई तथा अंग्रेजी दवाइयों का सेवन करते हैं l तो आपको हल्दी कम से कम मात्रा में लेना चाहिए l

3. पीलिया से ग्रसित रोगियों को हल्दी बिल्कुल भी इस्तेमाल नहीं करना चाहिए क्योंकि हल्दी पीलिया रोग को बढ़ावा देता है l

4. अगर किसी व्यक्ति को शरीर के किसी भी अंग में पथरी हो उसे हल्दी कम से कम मात्रा में इस्तेमाल में लाना चाहिए l क्योंकि हल्दी के अंदर ऑक्सलेट की मात्रा अधिक पाई जाती है l जो किडनी स्टोन से पीड़ित व्यक्तियों के लिए घातक हो सकता है l

5. अक्सर लोगों में नकसीर फूटने की समस्या देखी जाती है l ऐसे में नाक से खून अधिक आता है l ऐसी स्थिति में हल्दी का सेवन करने से सावधान हो जाना चाहिए क्योंकि हल्दी खून को पतला कर देता है l जिसके कारण नकसीर की समस्या और भी बढ़ सकती है

हल्दी का सेवन कितनी मात्रा में करें l

हल्दी को का सेवन सीमित मात्रा में लेना है बेहतर होता है इसका अधिक मात्रा में सेवन करना शरीर में कई प्रकार की दिक्कत है ला सकता है l 1 दिन में लगभग दो से 3 ग्राम हल्दी का सेवन लगभग हर व्यक्ति को करना चाहिए

इससे अधिक नहीं l हल्दी अदरक दूध के साथ पीना चाहते हैं तो एक गिलास दूध में एक चुटकी हल्दी आपके लिए काफी होगा वहीं अगर सादे पानी के साथ हल्दी ले रहे हैं तो आधा छोटा चम्मच हल्दी ले सकते हैं l

हल्दी का सेवन कैसे करें l

हल्दी कई तरह से उपयोग में लाया जाता है हल्दी के विभिन्न प्रकार के व्यंजनों मछली सब्जी तथा मसालेदार सब्जियां इत्यादि में इस्तेमाल किया जाता है मगर क्या आपको पता है हल्दी को लेने के और भी तरीके हैं

अगर बात करते हैं l व्यंजन और खाद्य पदार्थ के बारे में तो हल्दी को मसालों में इस्तेमाल किया जाता है इसके अलावा हल्दी घर शारीरिक समस्याओं और बीमारियों में लिया जाए तो हल्दी को अनेक प्रकार से लिया जाता है l

जैसे,खाने में हल्दी का उपयोग

1. हल्दी को सब्जी तथा मीट मछली इत्यादि के मसालों में डाला जाता है l

2.हल्दी को मैगी पास्ता में भी डालकर बनाया जाता है l

3. हल्दी का इस्तेमाल सूप में भी किया जाता है l

4. थकान तथा दर्द से राहत पाने के लिए हल्दी को दर्द गर्म दूध के साथ लिया जाता है

5.हल्दी को दाल में भी डाला जाता है l या यूं कह लें की हल्दी के बिना दाल अधूरा रहता है l

6. गले की खराश सूजन तथा दर्द से राहत पाने के लिए सुबह खाली पेट गर्म पानी और हल्दी पीने से राहत मिलता है lहल्दी का इस्तेमाल औषधि के रूप में lहल्दी को औषधीय गुणों का भंडार कहा जाता है

कई तरह की चोट ,घाव ,सूजन तथा दर्द को दूर करने के लिए बहुत ही आसान और घरेलू उपाय है l जिसे प्राचीन काल से ही इस्तेमाल कियाथा जाता है l.

अगर किसी के शरीर के किसी अंग में चोट लग जाए तथा खून जम जाए या फिर शरीर का कोई हिस्सा चोट की वजह से नीला पड़ जाए तो उस जगह पर हल्दी का पेस्ट लगाने से बहुत ही जल्द घाव भर जाता है l .

अगर किसी के गले में टॉन्सिल की समस्या है l तो उसको चाहिए कि एक चम्मच हल्दी को एक चम्मच पानी में फेट कर अपने हलक में लेप की तरह लगा लगा ले तथा

कुछ देर सूखने के लिए छोड़ दें टॉन्सिल में बहुत ही जल्द आराम मिल जाएगा l.

हल्दी को गर्म दूध और फिटकरी के साथ अंदरूनी चोट को भरने के लिए लिया जाता है l. खांसी से छुटकारा पाने के लिए हल्दी तथा अदरक को गुड़ के साथ लिया जाता है l.

हल्दी को उबटन के साथ पेस्ट बनाकर भी इस्तेमाल किया जाता है l इससे चेहरे की रंगत निखर जाती है l तथा दाग धब्बे खत्म हो जाते हैं l

FAQ.

Qus.हल्दी से कौन सी बीमारी ठीक होती है?

Ans. हल्दी के अंदर एंटीसेप्टिक और एंटीफंगल गुण पाए जाते हैं जो सर्दी जुकाम चोट मोच दर्द सूजन को कम करने के काम आते हैं साथ ही साथ सुंदरता को भी बरकरार रखते हैंl

Qus. हल्दी को इंग्लिश में क्या कहते हैं?

Qus. हल्दी की तासीर कैसी होती है?

Ans. हल्दी का सेवन ज्यादातर ठंडी में करना फायदेमंद होता है हल्दी की तासीर गर्म होती है

Ans. हल्दी को अलग-अलग जगहों पर अलग-अलग नामों से जाना जाता है आयुर्वेद में हल्दी को हरिद्रा के नाम से जानते हैं इंग्लिश में, हल्दी को टरमरिक Turmaric कहा जाता है l

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अस्वाकृत :

सलाह सहित यह सामग्री health benefits of turmaric हल्दी के फायदे सेहत के लिए केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है l

यह किसी भी तरह चिकित्सक की राय का विकल्प नहीं है l हमारे इस आर्टिकल का मतलब लोगों में चीजों के प्रति जानकारी प्रदान करना है l यह किसी भी रोग का इलाज नहीं है l

तथा अधिक जानकारी के लिए चिकित्सक से सलाह अवश्य लें (sehatbnao.com )इसके लिए किसी भी जिम्मेदारी का दावा नहीं करती है l